शिक्षा और अनुसंधान के क्षेत्र में नवीनतम तकनीकों के प्रयोग को बढ़ावा देने के उद्देश्य से श्री उमिया कन्या महाविद्यालय द्वारा 12 एवं 13 मार्च को एक विशेष दो दिवसीय फैकल्टी डेवलपमेंट प्रोग्राम (FDP) आयोजित किया जा रहा है। इस कार्यशाला का मुख्य विषय 'Use of AI in Teaching-Learning Process & Research' रखा गया है।
विशेषज्ञ देंगे प्रशिक्षण
इस कार्यक्रम में देश के जाने-माने AI विशेषज्ञ प्रशिक्षक के रूप में शामिल होंगे। इनमें एआई एजुकेशन एक्सपर्ट डॉ. नेहा गुप्ता, मशीन लर्निंग विशेषज्ञ डॉ. अजिताभ महलकारी, बिजनेस एनालिटिक्स एक्सपर्ट डॉ. कपिल शर्मा और कंप्यूटर साइंस विभाग की विभागाध्यक्ष डॉ. रूपाली भारतीय शामिल हैं। ये विशेषज्ञ प्रतिभागियों को एआई टूल्स के व्यावहारिक उपयोग और अनुसंधान में इसकी महत्ता के बारे में विस्तार से प्रशिक्षित करेंगे।
कौन ले सकता है भाग?
यह प्रोग्राम न केवल महाविद्यालय की फैकल्टी के लिए है, बल्कि अन्य विद्यालयों और महाविद्यालयों के शिक्षक, बीएड विद्यार्थी और रिसर्च स्कॉलर्स भी इसमें भाग ले सकते हैं। प्रतिभागियों के लिए महाविद्यालय द्वारा किट, सर्टिफिकेट और भोजन की विशेष व्यवस्था की गई है।
फैकल्टी डेवलपमेंट प्रोग्राम (FDP) का महत्व
आज के डिजिटल युग में शिक्षकों के लिए एआई (AI) का ज्ञान होना अनिवार्य हो गया है। इस FDP के माध्यम से फैकल्टी को निम्नलिखित लाभ होंगे:
शिक्षण में सरलता: एआई टूल्स की मदद से जटिल विषयों को सरल तरीके से छात्राओं को समझाया जा सकेगा।
रिसर्च में तेजी: डेटा एनालिसिस और लिटरेचर रिव्यू जैसे कार्यों में एआई समय की बचत और सटीकता प्रदान करेगा।
छात्रों के लिए लाभ: जब शिक्षक एआई में दक्ष होंगे, तो वे छात्राओं को भी भविष्य की तकनीकों के लिए तैयार कर पाएंगे, जिससे छात्राओं के प्लेसमेंट और करियर की संभावनाओं में वृद्धि होगी।
महाविद्यालय प्रबंधन ने सभी इच्छुक प्रतिभागियों से समय पर रजिस्ट्रेशन कराने की अपील की है। रजिस्ट्रेशन हेतु इच्छुक प्रतिभागी https://forms.gle/ypVTki4qunxqHEjU7 पर अपना पंजीयन कर सकते है। साथ ही रजिस्ट्रेशन शुल्क का भुगतान महाविद्यालय के अधिकृत बैंक खाते मे कर सकते है। भुगतान निम्न QR कोड को स्कैन कर किया जा सकता है:
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